देश का सबसे प्रदूषित शहर बना ग्रेटर नोएडा, AQI पहुंचा 212 के पार

ग्रेटर नोएडा: तेज़ी से बढ़ते वायु प्रदूषण ने ग्रेटर नोएडा को देश का सबसे प्रदूषित शहर बना दिया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) द्वारा मंगलवार को जारी रिपोर्ट के अनुसार, शहर का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 212 दर्ज किया गया, जो कि ‘खराब’ श्रेणी में आता है और स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक माना जाता है।
पिछले दो दिनों से ग्रेटर नोएडा लगातार देश के सबसे प्रदूषित शहरों में शामिल रहा और मंगलवार को इसने सभी शहरों को पीछे छोड़ दिया। दूसरी ओर, नोएडा का AQI 148 दर्ज किया गया, जो कि ‘मध्यम’ श्रेणी में आता है।
एकमात्र शहर रहा ऑरेंज ज़ोन में
CPCB की शाम 4 बजे की रिपोर्ट के मुताबिक, ग्रेटर नोएडा देश का एकमात्र शहर था जो ऑरेंज ज़ोन (खराब श्रेणी) में दर्ज किया गया, जबकि बाकी सभी प्रमुख शहर ग्रीन या येलो ज़ोन में रहे।
बढ़ते प्रदूषण से स्वास्थ्य पर असर
लगातार खराब होती हवा की गुणवत्ता के कारण शहरवासियों को सांस लेने में दिक्कत, आंखों में जलन, थकान जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह स्थिति बच्चों, बुज़ुर्गों और अस्थमा के मरीजों के लिए बेहद खतरनाक साबित हो सकती है।
गर्मी और उमस ने बढ़ाई परेशानी
मंगलवार को अधिकतम तापमान 35.6 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26.3 डिग्री दर्ज किया गया। साथ ही आर्द्रता का स्तर 95 प्रतिशत तक पहुंच गया, जिससे वातावरण और अधिक भारी और चिपचिपा हो गया।
बारिश से नहीं मिलेगी राहत
मौसम विभाग के अनुसार, हल्की बूंदाबांदी की संभावना है, लेकिन यह उमस और प्रदूषण में कमी लाने के लिए पर्याप्त नहीं होगी। आने वाले दिनों में शहरवासियों को और अधिक गर्मी और प्रदूषण का सामना करना पड़ सकता है।




