Greater Noida: ग्रैप-4 के नियमों का उल्लंघन वालों पर बड़ी कार्रवाई, 32 पर 78.25 लाख की लगाई पेनल्टी
दरअसल, एनसीआर में ग्रैप-4 लागू करने के साथ ही निर्माण कार्यों पर भी रोक लग गई है। निर्माण सामग्रियों को भी ढककर रखने के निर्देश हैं। ग्रेटर नोएडा एरिया में प्रदूषण को रोकने और ग्रैप-4 के नियमों का पालन कराने के लिए प्राधिकरण प्रयासरत है।

ग्रेटर नोएडा में प्रदूषण फैलाने वालों पर प्राधिकरण की तरफ से कार्रवाई जारी है। प्राधिकरण ने 32 और जगहों पर ग्रैप-4 के नियमों का उल्लंघन करने वालों पर 78.25 लाख की पेनल्टी लगाई है। इनमें एनबीसीसी इंडिया, आरजे ग्रुप, अरिहंत वन, ला रेजीडेंसिया, आम्रपाली लेजर वैली, डीवी प्रोजेक्ट, केके प्रोजेक्ट आदि बिल्डर प्रोजेक्ट भी शामिल हैं। प्राधिकरण ने ग्रैप-4 के नियमों का उल्लंघन करने और प्रदूषण फैलाने वालों पर कड़ी कार्रवाई जारी रखने की चेतावनी दी गई है।
दरअसल, एनसीआर में ग्रैप-4 लागू करने के साथ ही निर्माण कार्यों पर भी रोक लग गई है। निर्माण सामग्रियों को भी ढककर रखने के निर्देश हैं। ग्रेटर नोएडा एरिया में प्रदूषण को रोकने और ग्रैप-4 के नियमों का पालन कराने के लिए प्राधिकरण प्रयासरत है। प्राधिकरण के सीईओ एनजी रवि कुमार ने ग्रैप-4 के नियमों का पूरा पालन करने के निर्देश दिए हैं। एसीईओ सुमित यादव के नेतृत्व में प्राधिकरण की परियोजना विभाग की पूरी टीम अपने एरिया में नजर रख रही है और रोक के बावजूद कंस्ट्रक्शन करने और निर्माण सामग्री को ढककर न रखने सहित अन्य नियमों का उल्लंघन करने वालों पर टीम पेनल्टी भी लगा रही है। प्राधिकरण की टीम ने शुक्रवार को भी 32 और जगहों पर ग्रैप-4 के नियमों का उल्लंघन करने वालों पर 78.25 लाख रुपये की पेनल्टी लगाई है।
प्राधिकरण की तरफ से जुर्माने की निर्धारित समयावधि में प्राधिकरण के खाते में जमा कराने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही निर्माण सामग्री को ढककर रखने और पानी का नियमित छिड़काव करने के निर्देश दिए गए हैं। इससे पहले बृहस्पतिवार को ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की तरफ से कंपनियों और व्यक्तियों को मिलाकर 46 पर 49.45 लाख रुपये की पेनल्टी लगाई है। प्राधिकरण की तरफ से प्रदूषण फैलाने वालों पर यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के एसीईओ सुमित यादव ने कहा है कि प्रदूषण को रोकने के लिए प्राधिकरण हर संभव प्रयास कर रहा है। नियमों का उल्लंघन करने वालों पर जुर्माना लगाया जा रहा है। उन्होंने ग्रेटर नोएडावासियों से प्रदूषण को रोकने में प्राधिकरण के सहयोग की अपील की है।




