Greater Noida: शहर में हुई दो शादी बनी चर्चा का विषय, एक रुपया का दहेज लेकर समाज का तोड़ा यह मिथक
दरअसल, मुआवजे से रईस हुए खादर के जंगल के लोगों में दान—दहेज लेना और देना एक स्टेटस सिंबल बनता जा रहा है। लेकिन आज के दौर में लोग मिसाल भी कायम कर रहे है।

ग्रेटर नोएडा में इनदिनों दो शादी चर्चा का विषय बनी हुई है। वजह है बिना दहेज की शादी। श्यौराजपुर गांव के रूपेश भाटी ने अपने बेटे प्रशांत भाटी की शादी में सिर्फ 101 रुपये दहेज में लिए है। वहीं, पैरामाउंट गोल्फ फोरेस्टे सोसाइटी निवासी कुणाल तोंगड़ ने अपनी शादी में केवल एक रुपये दहेज लेकर समाज को एक दिशा देने का काम किया है। ताकि शादी में किए जाने वाले अनाप—शनाप खर्च पर रोक लग सके।
दरअसल, मुआवजे से रईस हुए खादर के जंगल के लोगों में दान—दहेज लेना और देना एक स्टेटस सिंबल बनता जा रहा है। लेकिन आज के दौर में लोग मिसाल भी कायम कर रहे है। एक तरफ जहां दहेज लेना और देना एक पंरपरा बन रही है, तो कुछ लोग इसे तोड़ना भी चाहते है। ग्रेटर नोएडा के सूरजपुर स्थित पैरामाउंट गोल्फ फोरेस्ट सोसाइटी निवासी कुणाल तोंगड़ ने अपनी शादी में केवल एक रुपये लेकर एक अनूठी मिसाल कायम की। उसके बड़े भाई विशाल तोंगड़ ने बताया कि वह तीन भाई और उनके पिता सतीश तोंगड़ बिना दहेज के शादी करना चाहते थे। वह दहेज लेने और देने के खिलाफ थे।
2021 को कोरोना से उनका निधन हो गया था। पिता की इच्छा और समाज में बढ़ती दहेज की पंरपरा को रोकने के प्रयास में यह एक कदम है। हालांकि, शादी में लड़की पक्ष ने 11 लाख का चेक दिया। लेकिन उन्होंने स्वीकार नहीं किया। कुणाल की शादी 30 नवम्बर को मदनपुर खादर निवासी तेजराम बिधूड़ी की बेटी हिमांशी के साथ नोएडा के सेक्टर-48 स्थित वैंकेट हॉल में हुई है।



