नोएडा प्राधिकरण का बड़ा एक्शन: लापरवाही पर वेतन रोक, कंपनियों पर जुर्माना !

नोएडा: नोएडा प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) लोकेश एम ने शहर के प्रमुख मार्गों और सार्वजनिक स्थलों का निरीक्षण किया।
इस दौरान उन्होंने सफाई व्यवस्था, अतिक्रमण, और सार्वजनिक सुविधाओं की स्थिति का बारीकी से जायजा लिया।
उनके साथ जनस्वास्थ्य विभाग के इन्दु प्रकाश सिंह और परियोजना अभियंता गौरव बंसल समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।
गंदगी और अव्यवस्था पर दी सख्त चेतावनी
निरीक्षण के दौरान ब्रह्मपुत्र मार्केट के बाहर साइकिल स्टैंड पर फैली गंदगी पर ट्रैफिक सेल को तत्काल व्यवस्था सुधारने का आदेश दिया गया।
वहीं, सेक्टर-36 की ग्रीन बेल्ट और अंडरपास में फैली गंदगी और टूटी बाउंड्री वॉल को लेकर उद्यान विभाग को मरम्मत के निर्देश दिए गए।
टूटी सड़कों और फुटपाथ की होगी मरम्मत
सीईओ ने सेक्टर-37 के पास हरिजन बस्ती में टूटे फुटपाथ को दुरुस्त कराने और सेक्टर-30 और 32 में सड़क और पार्किंग व्यवस्था को सुधारने के निर्देश वर्क सर्किल-3 को दिए। साथ ही, सेक्टर-32ए में अवैध मलबा डंपिंग पर वहां बैरिकेडिंग और फुटपाथ निर्माण की योजना बनाने को कहा।
दो कंपनियों पर लगा जुर्माना, एक को ब्लैकलिस्ट की चेतावनी
स्वच्छता में लापरवाही बरतने पर सीईओ ने दो कंपनियों पर बड़ी कार्रवाई की। एजी एनवायरो इंफ्रा प्रोजेक्ट प्रा. लि. पर सेक्टर-35, एमपी-3 मार्ग और होशियारपुर क्षेत्र में गंदगी फैलाने के लिए 1 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया।
लॉयन सर्विसेस प्रा. लि. पर सफाई में लापरवाही के चलते 5 लाख रुपये का जुर्माना ठोका गया और उसे ब्लैकलिस्ट करने की चेतावनी दी गई।
अफसरों की लापरवाही पर सख्ती
निरीक्षण में जिन अधिकारियों की लापरवाही पाई गई, उनके वेतन रोकने के निर्देश दिए गए हैं। सीईओ का सख्त संदेश है कि काम में लापरवाही कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।




