सुपरटेक इकोविलेज-1 AOA चुनाव को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुनवाई, घोषणा पत्र में संशोधन का मुद्दा उठा; 16 अक्टूबर को फिर होगी सुनवाई

ग्रेटर नोएडा वेस्ट – ग्रेटर नोएडा वेस्ट स्थित सुपरटेक इकोविलेज-1 में अपार्टमेंट ओनर्स एसोसिएशन (AOA) के चुनाव को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट में महत्वपूर्ण सुनवाई हुई। Writ-C No. 40951 of 2026 में माननीय न्यायमूर्ति श्री सिद्धार्थ नंदन की पीठ ने मामले की सुनवाई करते हुए चुनाव से संबंधित घोषणा पत्र (Deed of Declaration) में कथित त्रुटियों और उनके संशोधन के मुद्दे पर संबंधित पक्षों से जानकारी मांगी है।
न्यायालय के समक्ष याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता श्री गौतम बघेल ने पक्ष रखते हुए स्पष्ट किया कि उन्हें चुनाव कराने पर कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन यदि घोषणा पत्र में आवश्यक संशोधन किए बिना चुनाव कराया जाता है, तो पूरी चुनाव प्रक्रिया निष्फल हो सकती है। उन्होंने इस संबंध में उप निबंधक द्वारा 10 नवंबर 2025 को निर्वाचन अधिकारी को भेजे गए पत्र का भी उल्लेख किया, जिसमें घोषणा पत्र में आवश्यक संशोधन किए जाने की अपेक्षा व्यक्त की गई थी।
18 अक्टूबर को प्रस्तावित है चुनाव
सुपरटेक इकोविलेज-1 AOA का चुनाव 18 अक्टूबर 2026 को प्रस्तावित है। सुनवाई के दौरान न्यायालय के समक्ष यह मुद्दा भी उठाया गया कि चुनाव में मतदाता समूह (Electoral College) निर्धारित करने के लिए जिस घोषणा पत्र को आधार बनाया जा रहा है, उसमें त्रुटियां होने की बात कही गई है। याचिकाकर्ताओं ने यह भी कहा कि घोषणा पत्र में संशोधन किए बिना चुनाव कराने से भविष्य में चुनाव प्रक्रिया की वैधता को लेकर विवाद उत्पन्न हो सकता है।
न्यायालय के आदेश में निर्वाचन अधिकारी के 7 अक्टूबर 2026 के पत्र का भी उल्लेख है। इस पत्र के अनुसार, निर्वाचन अधिकारी ने निवर्तमान समिति से कुछ दस्तावेज मांगे थे, ताकि 18 अक्टूबर को होने वाले चुनाव में किसी प्रकार की विसंगति न रहे।
राज्य सरकार से मांगी गई जानकारी
सुनवाई के दौरान राज्य सरकार की ओर से उपस्थित स्थायी अधिवक्ता ने न्यायालय को बताया कि वह अगले दिन तक इस संबंध में निर्देश प्राप्त कर सकेंगे कि घोषणा पत्र में संशोधन किया गया है या नहीं।
मामले में सुनवाई के उपरांत माननीय न्यायालय ने इसे 16 अक्टूबर 2026 को दोपहर 2 बजे पुनः सूचीबद्ध करने का निर्देश दिया, ताकि याचिकाकर्ताओं के अधिवक्ता संबंधित विषय पर आवश्यक निर्देश प्राप्त कर सकें।
न्यायालय के आदेश में यह अपेक्षा भी व्यक्त की गई है कि घोषणा पत्र में संशोधन किए बिना निर्वाचन अधिकारी चुनाव की प्रक्रिया को आगे न बढ़ाएं।
अब 16 अक्टूबर की सुनवाई पर टिकी निगाहें
18 अक्टूबर को प्रस्तावित चुनाव से ठीक पहले 16 अक्टूबर को होने वाली सुनवाई को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अगली सुनवाई में घोषणा पत्र में संशोधन की स्थिति और चुनाव प्रक्रिया से जुड़े प्रश्नों पर संबंधित पक्षों का पक्ष सामने आने की उम्मीद है।
हालांकि, 15 अक्टूबर 2026 के आदेश में चुनाव रद्द करने या स्थगित करने का कोई स्पष्ट अंतिम निर्देश नहीं दिया गया है। इसलिए चुनाव की अंतिम स्थिति के संबंध में अगली सुनवाई और न्यायालय के आगे के आदेश को देखना महत्वपूर्ण होगा।



