Noida: सड़क हादसों में घायलों को मिलेगा कैशलेस इलाज, ब्लैक स्पॉट का निरीक्षण करेंगी टीमें
एडीएम प्रशासन ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए सभी संबंधित विभागों को मिलकर काम करना होगा।

जिले में सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने और यातायात व्यवस्था को सुरक्षित बनाने के लिए मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक हुई। अपर जिलाधिकारी प्रशासन संजय कुमार पांडेय की अध्यक्षता में हुई बैठक में हादसों के संभावित स्थलों पर सुधार करने की दिशा में अहम निर्णय लिया गया है। अधिकारियों को आपसी समन्वय से सड़क सुरक्षा के उपाय प्रभावी ढंग से लागू करने के निर्देश दिए गए।
एडीएम प्रशासन ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए सभी संबंधित विभागों को मिलकर काम करना होगा। उन्होंने दुर्घटना संभावित स्थलों का संयुक्त निरीक्षण कर आवश्यक सुधार कराने के निर्देश दिए। सड़क संकेतक, रोड मार्किंग, रिफ्लेक्टर, डिवाइडर और गति नियंत्रण की व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखने पर जोर दिया। इसके अलावा प्रमुख मार्गों और चौराहों पर यातायात सुचारु रखने, अवैध पार्किंग रोकने तथा वाहनों की फिटनेस और यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित कराने को कहा।
लोक निर्माण विभाग, विकास प्राधिकरणों और सड़क निर्माण एजेंसियों को सड़क सुरक्षा मानकों के अनुसार सुधारात्मक कार्य तय समयसीमा में पूरा करने के निर्देश दिए गए। बैठक में सड़क हादसों में घायल लोगों को जल्द चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने पर भी चर्चा हुई। एडीएम ने स्वास्थ्य विभाग, अस्पतालों और पुलिस को बेहतर तालमेल के साथ काम करने के निर्देश दिए, ताकि दुर्घटना पीड़ितों को समय पर उपचार मिल सके।
सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) डॉ. उदित नारायण पांडेय ने पीएम राहत योजना के तहत सड़क दुर्घटना पीड़ितों को कैशलेस उपचार उपलब्ध कराने की प्रक्रिया की जानकारी दी। उन्होंने अस्पतालों में उपचार का विवरण दर्ज करने, ई-डीएआर पोर्टल पर प्रकरण भेजने और पुलिस सत्यापन सहित जरूरी प्रक्रियाओं के बारे में बताया। योजना का लाभ पीड़ितों तक पहुंचाने के लिए संबंधित विभागों और अस्पतालों के बीच समन्वय बनाए रखने पर जोर दिया गया।




