भाजपा के कद्दावर नेता कांग्रेस मे शामिल, लगाए भाई-भतीजावाद और घोटाले के गंभीर आरोप
एनआरईसी कॉलेज से सेवानिवृत प्रोफेसर अजय छौकर की भाजपा के ईमानदार और कददावर नेता के तौर पर पहचाने जाते थे। उनकी छवि आम जनता में समाजसेवी कार्यकर्ता के रूप में स्थापित है।

भाजपा के कददावर नेता प्रोफेसर अजय छौकर कांग्रेस में शामिल हो गए है।कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष अजय राय की मौजूदगी में कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण करने के बाद उन्होंने भाजपा पर जमकर हल्ला बोला। भाजपा के खिलाफ संघर्ष का बिगुल फूंकते हुए अजय छौकर ने भाजपा को घोटाला, भ्रष्टाचार, भाई भतीजावाद के गंभीर आरोप लगाए है। उन्होंने आरोप लगाए है कि भाजपा घोटालों की पार्टी बन गई और अपने हजारों समर्थको के साथ कांग्रेस में शामिल हो गए।
एनआरईसी कॉलेज से सेवानिवृत प्रोफेसर अजय छौकर की भाजपा के ईमानदार और कददावर नेता के तौर पर पहचाने जाते थे। उनकी छवि आम जनता में समाजसेवी कार्यकर्ता के रूप में स्थापित है। भाजपा को सींचने और पार्टी उत्थान मे अपने जीवन का मूल्यवान समय और मेहनत की कमाई लगा दी लेकिन परिणाम शून्य ही रहा। शुक्रवार को वह कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी की सहमति से प्रदेशाध्यक्ष अजय राय के समक्ष लखनऊ मे हजारों समर्थको के साथ कांग्रेस में शामिल हो गए। उन्हें कार्यालय प्रभारी नितिन मिश्रा ने सदस्यता ग्रहण कराई।
इस मौके पर छौकर ने आरोप लगाए कि लोकतान्त्रिक दल कहे जाने वाली भाजपा अब केवल दो हाथों मे केंद्रित हो गई है। भाजपा के मंत्री, सांसद एवं विधायक केवल सफ़ेद हाथी है जो ना जनता की समस्या का समाधान करा पाते है और ना ही क्षेत्र के विकास में कोई योगदान दे पाते है। तहसील, थाने एवं बिजलीघर भ्रष्टाचार के अड्डे बने है। पीएम जनसुनवाई और मुख्यमंत्री पोर्टल दिखावा है। भारत की सम्पति एवं संसाधनों को लूटने की ललक में लोकसभा और विधानसभाओ मे प्रवेश का मार्ग खोज रहे। राजनीतिक माफियाओ को भाजपा के शीर्ष नेतृत्व ने पद, प्रतिष्ठा और टिकट देकर लूटने का अवसर प्रदान किया है। धनबलियो को टिकट देता है जो जन समस्यायों से निष्क्रिय एवं उदासीन है। जिन्हे जनता पसंद नहीं करती है।
उन्होंने कहा कि भाजपा के मंत्रियों, सांसदों एवं विधायकों को विकास कार्य के लिये आवंटित धन का कभी भौतिक सत्यापन नहीं कराया जाता। जिससे विकास कार्यों की फ़र्ज़ी सूची शासन को प्रस्तुत कर दी जाती है, शिकायत करने पर भी कोई सुनवाई नहीं होती है। जनता से हर स्तर से टैक्स, फीस बढ़ा वसूली की जा रही है।
भाजपा सोनिया गाँधी, लालूप्रसाद यादव, मुलायम सिंह यादव, तथा मायावती को परिवारवादी कहती है किन्तु गृहमंत्री अमित शाह, रक्षामंत्री राजनाथ सिंह तथा पूर्व राज्यपाल कल्याण सिंह को समाजवादी मानती है। भाजपा की नज़र मे लालू यादव के बेटों की सम्पति घोटालो से एकत्र की गई है लेकिन क्या गृहमंत्री अमित शाह के बेटे ने अथाह सम्पति मनरेगा मे मजदूरी करके एकत्र की है।




