संकट के बीच अफवाहों के बीच प्रवासी कर रहे पलायन? सोशल मीडिया और गूगल सर्च में पूछ रहे लौटने वाला लॉकडाउन
सके पीछे एक वजह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संसद में दिया गया बयान बताया जा रहा है। संसद में स्थिति साफ करते हुए कहा कि देश पूरी तरह तैयार है।

कोरोना कॉल में लगे लॉकडाउन ने देश ही नहीं बल्कि दुनियाभर को हिला कर रख दिया था। अब एक बार फिर से लॉकडाउन लगने की अफवाहों का बाजार गर्म है। सोशल मीडिया से लेकर गूगल सर्च तक हर जगह लोग यही पूछ रहे हैं क्या कोरोना जैसा लॉकडाउन फिर लौटने वाला है? भारत में कोविड़-19 का खतरा लगभग खत्म हो चुका है। इस बीच यह चर्चा अमेरिका—इजरायल और इरान के बीच चल रहे युद्ध के बीच शुरू हुई है।
इसके पीछे एक वजह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संसद में दिया गया बयान बताया जा रहा है। संसद में स्थिति साफ करते हुए कहा कि देश पूरी तरह तैयार है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि किसी भी वैश्विक संकट का असर आम जनता और किसानों पर नहीं पड़ने दिया जाएगा। उन्होंने ने संसद में दिए बयान में कहा था कि मिडिल ईस्ट के हालात पर संसद को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि भारत ने पहले भी कोविड काल के दौरान बड़ी मुसीबतों का सामना किया है और कठिन समय में राष्ट्रीय एकता के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने नागरिकों से “तैयार और एकजुट रहने” की अपील की, जैसा कि वे कोविड-19 महामारी के दौरान एकजुट रहे। इसके अलावा पीएम मोदी ने ये भी कहा कि युद्ध के कारण होने वाली वैश्विक बाधाओं के दीर्घकालिक आर्थिक परिणाम हो सकते हैं।
इन अफवाहों के बीच प्रवासी मजदूर और अन्य लोगों को हड़कंप मचा हुआ है। हालांकि, प्रधानमंत्री ने कोविड-19 जैसे लॉकडाउन का संकेत दिया। लोकसभा और राज्यसभा में पीएम मोदी के दिए भाषणों से साफ पता चलता है कि ये दावा भ्रामक है। वहीं, प्रवासियों में लॉकडाउन की अफवाह के बीच पलायन करने लगे है। वह अपने घर लौट रहे है।




