राकेश टिकैत पहुंचे यमुना प्राधिकरण, किसानों की 15 सूत्रीय मांगों पर CEO के साथ मैराथन बैठक
ग्रेटर नोएडा – यमुना औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) क्षेत्र में किसानों की लंबित मांगों को लेकर चल रहे आंदोलन के बीच बुधवार, 16 सितंबर 2026 को भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत यमुना प्राधिकरण पहुंचे। दोपहर करीब 2 बजे किसानों के साथ प्राधिकरण पहुंचे टिकैत ने सबसे पहले धरनास्थल पर मौजूद किसानों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं और मांगों की जानकारी ली।
इसके बाद यमुना प्राधिकरण के CEO राकेश कुमार सिंह ने राकेश टिकैत और किसान नेताओं को वार्ता के लिए बोर्ड रूम में आमंत्रित किया। यहां किसानों की 15 सूत्रीय मांगों को लेकर अधिकारियों और किसान प्रतिनिधियों के बीच लंबी बैठक हुई।
जमीन, मुआवजा और आबादी समेत कई मुद्दों पर चर्चा
बैठक के दौरान किसानों की जमीन, मुआवजा, आबादी, लीज-बैक, विकसित भूखंड और रोजगार सहित कई लंबित मुद्दों पर चर्चा की गई। किसान नेताओं का कहना है कि इनमें से कई मांगें लंबे समय से लंबित हैं और पूर्व में भी इन मुद्दों को लेकर अधिकारियों के साथ बातचीत हो चुकी है।
किसानों की ओर से भूमि अधिग्रहण के एवज में 10 प्रतिशत विकसित भूखंड, 64.7 प्रतिशत अतिरिक्त मुआवजा, आबादी से जुड़े मामलों के निस्तारण और लंबित लीज-बैक प्रकरणों के समाधान की मांग प्रमुखता से उठाई गई।
इसके अलावा किसानों के बच्चों के लिए स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने, सर्किल रेट में वृद्धि तथा मुआवजे का निर्धारण उचित बाजार दर को ध्यान में रखकर किए जाने की मांग भी रखी गई।
किसान नेताओं की ओर से 2013 के भूमि अधिग्रहण कानून के प्रावधानों को लागू करने की मांग भी उठाई जा रही है। इसके साथ ही अधिग्रहण के बाद आबादी, पुनर्वास और रोजगार से जुड़े लंबित मामलों के समाधान की मांग की गई।
मांगों के समाधान तक जारी रहेगा धरना: टिकैत
बैठक के बाद बाहर आए राकेश टिकैत ने मीडिया से बातचीत की। उन्होंने कहा कि प्राधिकरण अधिकारियों के साथ बातचीत की प्रक्रिया शुरू हुई है और उम्मीद है कि किसान प्रतिनिधियों तथा अधिकारियों के बीच बातचीत के माध्यम से सभी 15 मांगों पर समाधान निकाला जाएगा।
टिकैत ने कहा कि किसानों की मांगों पर जब तक ठोस समाधान नहीं होता, तब तक धरना जारी रहेगा। उन्होंने अधिकारियों के साथ बातचीत शुरू होने को महत्वपूर्ण कदम बताया और कहा कि अब किसानों को मांगों पर ठोस निर्णय की उम्मीद है।
बड़ी संख्या में किसान और भाकियू पदाधिकारी रहे मौजूद
धरनास्थल और वार्ता के दौरान बड़ी संख्या में किसान तथा भाकियू से जुड़े पदाधिकारी मौजूद रहे। किसान नेताओं ने कहा कि आंदोलन का उद्देश्य लंबित मांगों का समाधान कराना है और वे अधिकारियों के साथ आगे भी बातचीत के लिए तैयार हैं।
यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में किसानों का धरना फिलहाल जारी है। अब किसानों की नजर अधिकारियों के साथ हुई बैठक के बाद सामने आने वाले निर्णय और मांगों पर होने वाली आगे की कार्रवाई पर है।




