×
उत्तर प्रदेशगाज़ियाबादगौतम बुद्ध नगरग्रेटर नोएडानोएडानोएडा वेस्टराजनीति

महंगाई और बेरोजगारी के खिलाफ CPI(M) का गाजियाबाद में प्रदर्शन, डीएम कार्यालय पर सौंपा ज्ञापन

गाजियाबाद – भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) CPI(M) ने बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतों में लगातार हो रही वृद्धि के खिलाफ बुधवार को जिलाधिकारी कार्यालय गाजियाबाद पर धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद पार्टी नेताओं ने केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार के नाम संबोधित ज्ञापन नगर मजिस्ट्रेट सतीश चंद्र त्रिपाठी को सौंपा।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए CPI(M) की केंद्रीय कमेटी सदस्य एवं दिल्ली-एनसीआर राज्य कमेटी सचिव कामरेड अनुराग सक्सेना ने कहा कि सरकार की उदारीकरण, निजीकरण और अमेरिका समर्थक नीतियों के कारण आम जनता महंगाई और बेरोजगारी की दोहरी मार झेल रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की बढ़ती कीमतों ने लोगों का घरेलू बजट बिगाड़ दिया है।

दिल्ली सचिव मंडल सदस्य कामरेड बिरजेश सिंह ने कहा कि गाजियाबाद, नोएडा, गुरुग्राम, फरीदाबाद और मानेसर जैसे औद्योगिक क्षेत्रों में मजदूर आंदोलनों की मुख्य वजह बढ़ती महंगाई है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब सभी आवश्यक वस्तुओं के दाम बढ़ रहे हैं तो मजदूरों की न्यूनतम मजदूरी में उसी अनुपात में वृद्धि क्यों नहीं की जा रही।

सीटू जिला उपाध्यक्ष राजबीर सिंह और जनवादी महिला समिति की जिला अध्यक्ष नीरू सेंगर ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा घोषित ₹13,690 का अंतरिम वेतन वर्तमान महंगाई के मुकाबले बेहद कम है। उन्होंने एनसीआर क्षेत्र में न्यूनतम वेतन बढ़ाकर कम से कम ₹26,000 प्रतिमाह करने की मांग की।

प्रदर्शनकारियों ने ज्ञापन के माध्यम से आवश्यक वस्तुओं की कीमतों पर नियंत्रण, सार्वजनिक वितरण प्रणाली को सार्वभौमिक बनाने, खाली सरकारी पदों को भरने, शहरी रोजगार गारंटी योजना लागू करने तथा कृषि और बुनियादी उद्योगों में सार्वजनिक निवेश बढ़ाने की मांग की।

कार्यक्रम की अध्यक्षता CPI(M) जिला सचिव ईश्वर त्यागी ने की। इस दौरान देवेंद्र शर्मा, तिरफूल सिंह, ठाकुर दास, जी.एस. तिवारी, रविंद्र कुमार, नरेंद्र चौधरी, जे.पी. शुक्ला, श्रीकृष्ण सिंह, बिरमजीत सिंह, सत्यप्रकाश त्यागी, रैनू झा, नूर अप्सा, शहनाज़, नूर बानो सहित सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।

मुख्य मांगें:

  • आवश्यक वस्तुओं और रसोई गैस की कीमतों पर नियंत्रण
  • राशन प्रणाली को सार्वभौमिक बनाना
  • सभी खाली सरकारी पदों पर भर्ती
  • शहरी रोजगार गारंटी योजना लागू करना
  • न्यूनतम वेतन ₹26,000 प्रतिमाह निर्धारित करना
  • कृषि और उद्योगों में सार्वजनिक निवेश बढ़ाना

Vishnu Pratap

मेरा नाम विष्णु प्रताप है। मेरा जन्म 18 मई 2004 को उत्तर प्रदेश के एटा जिले में हुआ। पत्रकारिता मेरे लिए सिर्फ एक करियर नहीं, बल्कि एक जुनून है। वर्तमान में मैं Federal Bharat News में रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हूं। मुझे अंतरराष्ट्रीय संबंध, इतिहास, राजनीति, युद्ध से जुड़ी खबरें, बिज़नेस और NGO से संबंधित विषयों में गहरी रुचि है। खाली समय में मुझे पढ़ना और अपने दोस्तों के साथ समय बिताना अच्छा लगता है।

Vishnu Pratap

मेरा नाम विष्णु प्रताप है। मेरा जन्म 18 मई 2004 को उत्तर प्रदेश के एटा जिले में हुआ। पत्रकारिता मेरे लिए सिर्फ एक करियर नहीं, बल्कि एक जुनून है। वर्तमान में मैं Federal Bharat News में रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हूं। मुझे अंतरराष्ट्रीय संबंध, इतिहास, राजनीति, युद्ध से जुड़ी खबरें, बिज़नेस और NGO से संबंधित विषयों में गहरी रुचि है। खाली समय में मुझे पढ़ना और अपने दोस्तों के साथ समय बिताना अच्छा लगता है।

Related Articles

Back to top button
Close