44 गांवों के किसानों की महापंचायत में बड़ा फैसला, 15 नवंबर तक मांगें पूरी नहीं हुईं तो 16 नवंबर से अनिश्चितकालीन धरना और परी चौक पर चक्का जाम

ग्रेटर नोएडा। चार प्रतिशत अतिरिक्त प्लॉट की मांग को लेकर पिछले करीब दो दशकों से संघर्ष कर रहे ग्रेटर नोएडा क्षेत्र के 44 गांवों के किसानों ने रविवार को गांव पाली में महापंचायत आयोजित की। महापंचायत में करीब 600 किसानों ने हिस्सा लिया और अपनी मांगों को लेकर आंदोलन की आगामी रणनीति तय की।
महापंचायत में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि यदि 15 नवंबर तक ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण किसानों की चार प्रतिशत अतिरिक्त प्लॉट की मांग पर सकारात्मक निर्णय नहीं लेता है, तो 16 नवंबर से अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू किया जाएगा। इसके साथ ही ग्रेटर नोएडा को नोएडा और दिल्ली से जोड़ने वाले प्रमुख मार्ग परी चौक पर चक्का जाम करने का भी ऐलान किया गया।
किसानों ने बताया कि वे पिछले लगभग 20 वर्षों से चार प्रतिशत अतिरिक्त प्लॉट की मांग को लेकर संघर्ष कर रहे हैं। इस दौरान कई बार धरना-प्रदर्शन और आंदोलन किए गए तथा गिरफ्तारियां भी दी गईं, लेकिन अब तक उनकी मांग का समाधान नहीं हो सका है।
किसानों ने बताया कि बीते 22 अक्टूबर को भी वे अपनी मांगों को लेकर ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण का घेराव करने जा रहे थे, लेकिन पुलिस ने उन्हें हिरासत में लेकर रोक दिया था। किसानों का कहना है कि लंबे समय से उनकी मांग लंबित है और अब वे इसके समाधान के लिए निर्णायक आंदोलन की तैयारी कर रहे हैं।
महापंचायत में किसानों ने ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण, जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि 15 नवंबर तक मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं हुआ तो 16 नवंबर से आंदोलन को व्यापक रूप दिया जाएगा।
इस महापंचायत में बाबा संतराम, बीडीसी मुखिया, रूपा भाटी, रघुराज भाटी, ब्रह्मपाल प्रधान और भीम सिंह सहित क्षेत्र के बड़ी संख्या में किसान एवं गणमान्य लोग मौजूद रहे।
महापंचायत के अंत में किसानों ने एकजुट होकर चार प्रतिशत अतिरिक्त प्लॉट की मांग पूरी होने तक अपना संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया।



