खराब सड़कों से लेकर आवासीय क्षेत्रों में पीजी संचालन तक, कोनरवा की बैठक में उठे कई मुद्दे। प्राधिकरण से नागरिक समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग।

नोएडा – कोनरवा नोएडा चैप्टर की एक महत्वपूर्ण बैठक आज A-138A, सेक्टर-27, नोएडा स्थित कार्यालय में प्रातः 11:00 बजे आयोजित की गई। बैठक में नोएडा शहर के विभिन्न सेक्टरों में रहने वाले नागरिकों से जुड़ी समस्याओं, नोएडा प्राधिकरण की कार्यप्रणाली तथा नागरिक सुविधाओं से संबंधित विभिन्न महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में पदाधिकारियों ने कहा कि नोएडा एक सुनियोजित एवं तेजी से विकसित हो रहा शहर है, लेकिन शहर के कई क्षेत्रों में मूलभूत नागरिक समस्याओं का समयबद्ध समाधान नहीं होने के कारण सेक्टरवासियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इन समस्याओं के समाधान के लिए प्राधिकरण और स्थानीय जनप्रतिनिधियों के बीच बेहतर समन्वय की आवश्यकता है।
24 मीटर रोड पर आवासीय भूखंडों में व्यावसायिक गतिविधियों का मुद्दा
बैठक में 24 मीटर रोड पर स्थित आवासीय भूखंडों पर व्यावसायिक गतिविधियों को अनुमति दिए जाने के मुद्दे पर गंभीर चिंता व्यक्त की गई। पदाधिकारियों ने कहा कि आवासीय क्षेत्रों में व्यावसायिक गतिविधियां बढ़ने से आसपास रहने वाले लोगों को यातायात, पार्किंग, सुरक्षा, शोर एवं अन्य समस्याओं का सामना करना पड़ता है।
उन्होंने कहा कि किसी भी आवासीय क्षेत्र में व्यावसायिक गतिविधियों की अनुमति देते समय स्थानीय निवासियों की सुविधा और क्षेत्र की क्षमता को ध्यान में रखा जाना चाहिए। साथ ही, ऐसी गतिविधियों के कारण उत्पन्न होने वाली यातायात एवं पार्किंग संबंधी समस्याओं के समाधान के लिए भी प्रभावी व्यवस्था होनी चाहिए।
आवासीय भवनों में पीजी संचालन से बढ़ रही परेशानी
बैठक में आवासीय भवनों में पूर्ण रूप से पीजी संचालित किए जाने के कारण सेक्टरवासियों को हो रही परेशानियों का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया।
पदाधिकारियों ने कहा कि कई स्थानों पर आवासीय परिसरों का उपयोग बड़े स्तर पर पीजी संचालन के लिए किया जा रहा है, जिससे पार्किंग, सुरक्षा, स्वच्छता, यातायात और शांतिपूर्ण वातावरण से संबंधित समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं।
कोनरवा ने मांग की कि आवासीय क्षेत्रों में पीजी संचालन से संबंधित नियमों का प्रभावी पालन सुनिश्चित कराया जाए और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित विभाग द्वारा आवश्यक कार्रवाई की जाए।
नोएडा की खराब सड़कों पर जताई गई चिंता
बैठक में नोएडा शहर की सड़कों की खराब स्थिति को लेकर भी चिंता व्यक्त की गई। पदाधिकारियों ने कहा कि शहर के कई सेक्टरों में सड़कें क्षतिग्रस्त हैं और जगह-जगह गड्ढों के कारण वाहन चालकों एवं पैदल चलने वाले लोगों को परेशानी हो रही है।
उन्होंने कहा कि खराब सड़कों के कारण यातायात प्रभावित होने के साथ-साथ दुर्घटनाओं की संभावना भी बनी रहती है। प्राधिकरण को शहर की सड़कों का सर्वे कराकर क्षतिग्रस्त सड़कों की प्राथमिकता के आधार पर मरम्मत एवं पुनर्निर्माण कराना चाहिए।
अधिकारियों और सेक्टर प्रतिनिधियों के बीच बेहतर समन्वय की जरूरत
बैठक में नोएडा प्राधिकरण के अधिकारियों और सेक्टरों के जनप्रतिनिधियों के बीच बेहतर समन्वय नहीं होने का मुद्दा भी उठाया गया।
पदाधिकारियों ने कहा कि आरडब्ल्यूए एवं स्थानीय प्रतिनिधि अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याओं को लगातार प्राधिकरण के समक्ष उठाते हैं, लेकिन कई बार शिकायतों के समाधान में अनावश्यक देरी होती है।
उन्होंने कहा कि नागरिक संगठनों और सेक्टर प्रतिनिधियों के साथ अधिकारियों का रवैया सहयोगात्मक होना चाहिए। समस्याओं के प्रभावी समाधान के लिए आरडब्ल्यूए, जनप्रतिनिधियों और प्राधिकरण के अधिकारियों के बीच नियमित संवाद आवश्यक है।
नागरिक समस्याओं के समाधान के लिए प्रभावी व्यवस्था की मांग
कोनरवा पदाधिकारियों ने कहा कि नोएडा जैसे तेजी से विकसित हो रहे शहर में नागरिक सुविधाओं का स्तर बनाए रखने के लिए शिकायतों के निस्तारण की प्रभावी और पारदर्शी व्यवस्था जरूरी है।
उन्होंने कहा कि केवल शिकायत दर्ज करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि प्रत्येक शिकायत के समाधान के लिए समयसीमा निर्धारित होनी चाहिए और उसके निस्तारण की नियमित निगरानी भी की जानी चाहिए।
कोनरवा ने स्पष्ट किया कि वह नोएडा के विभिन्न सेक्टरों में रहने वाले नागरिकों की समस्याओं को लगातार संबंधित विभागों एवं अधिकारियों के समक्ष उठाता रहेगा तथा नागरिक हितों से जुड़े मुद्दों पर प्रभावी तरीके से आवाज उठाई जाएगी।
बैठक में मुख्य रूप से डॉ. पी.एस. जैन (अध्यक्ष), श्री बी.बी. वलेचा (कन्वेनर), श्री राजीव गर्ग (महासचिव), श्री लोकेश कश्यप (सचिव), श्री पी.के. अग्रवाल (एडवाइजर), डॉ. एस.पी. जैन, श्री मदन लाल शर्मा (महासचिव), श्री गौरव सिंघल, श्री राजीव जैन सहित लगभग 40 पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे।
बैठक के अंत में कोनरवा पदाधिकारियों ने नोएडा प्राधिकरण से मांग की कि बैठक में उठाए गए सभी नागरिक मुद्दों पर गंभीरता से संज्ञान लेते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए जाएं तथा समस्याओं के समाधान की प्रगति से संबंधित आरडब्ल्यूए एवं नागरिक संगठनों को भी अवगत कराया जाए।




