Noida: अधिवक्ता की पत्नी के पेट में पथरी के उपचार में बड़े अस्पताल ने बरती लापरवाही, जिला अदालत ने FIR दर्ज करने का दिया आदेश
अल्ट्रासाउंड में उनके पेट में दो पथरी बताई गई। राखी को पेट में लगातार असहनीय दर्द और कंधे में दर्द की शिकायत थी।

अधिवक्ता की पत्नी के उपचार में लापरवाही का मामला सामने आया है। यह आरोप ग्रेटर नोएडा के ओमेगा स्थित एक निजी अस्पताल पर लगा है। जिला न्यायालय ने लापरवाही बरतने के मामले में अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया है।
एडवोकेट आदित्य भाटी ने बताया कि अधिवक्ता धीरेंद्र भाटी ने अपनी पत्नी राखी को पेट दर्द की शिकायत होने पर 31 मई 2025 को यथार्थ अस्पताल में भर्ती कराया था। अल्ट्रासाउंड में उनके पेट में दो पथरी बताई गई। राखी को पेट में लगातार असहनीय दर्द और कंधे में दर्द की शिकायत थी। पेट में फ्लूड एकत्र होने की बात भी सामने आई। आरोप है कि चिकित्सक ने तत्काल ऑपरेशन की सलाह दी।
एडवोकेट आदित्य भाटी ने बताया कि डॉक्टरों की टीम ने ऑपरेशन के बाद पथरी निकालने का दावा किया, लेकिन दूसरी पथरी को लेकर कोई जवाब नहीं दिया गया। दूसरी पथरी के बारे में पूछने पर अस्पताल की तरफ से उसे लैब भेजने की बात कही गई। उसके बाद भी राखी को पेट में लगातार दर्द होता रहा। कुछ दिन बाद दोबारा अल्ट्रासाउंड कराने पर यह सामने आया कि पेट में फ्लूड (गंदा खून) जमा है।
अब पीड़िता को दर्द होने पर दिल्ली के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां डॉक्टरों ने राखी का ऑपरेशन कर अंदर जमा फ्लूड को निकाला। साथ ही महिला के परिजनों की तरफ से आरोप लगाया गया है कि अस्पताल में उपचार के दौरान मरीज की गंभीर स्थिति और जुड़ी पूरी जानकारी परिजनों को समय पर नहीं दी गई।
आरोप है कि इस मामले की शिकायत पुलिस से की गई, लेकिन पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया। अब जिला न्यायालय ने अस्पताल प्रबंधन पर मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया है।




